स्वीटी सुपारी परिवार की अनूठी पहल, स्व. सुरेश चन्द्र अग्रवाल की स्मृति में मेगा हेल्थ...
- 10h ago
जयपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर फर्जी दस्तावेजों के सहारे विदेश जाने की बड़ी कोशिश का खुलासा हुआ है। पुलिस ने फर्जी टूरिस्ट वीजा के जरिए इराक जाने की फिराक में लगे उत्तर प्रदेश और बिहार के तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। इस घटना के बाद एयरपोर्ट पर हड़कंप मच गया और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई हैं।
जानकारी के मुताबिक 12 मई को एयरपोर्ट प्रशासन को यात्रियों के दस्तावेज और वीजा संदिग्ध लगे। जांच के दौरान वीजा फर्जी पाए गए, जिसके बाद तत्काल एयरपोर्ट थाना पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीनों युवकों को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान उत्तर प्रदेश निवासी सुरेश कुमार और बिहार निवासी आलोक कुमार व रुपेश यादव के रूप में हुई है।
जयपुर ईस्ट की डीसीपी रंजीता शर्मा ने बताया कि एयरपोर्ट प्रशासन की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल पुलिस तीनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि उन्हें फर्जी वीजा किसने उपलब्ध कराए और इसके पीछे कौन सा नेटवर्क काम कर रहा है।
जांच एजेंसियों को आशंका है कि इस पूरे मामले के पीछे किसी बड़े मानव तस्करी या फर्जी वीजा गिरोह का हाथ हो सकता है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आखिर यूपी और बिहार के रहने वाले इन युवकों ने इराक जाने के लिए जयपुर एयरपोर्ट को ही क्यों चुना।
चूंकि मामला इराक जैसे संवेदनशील देश और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा हो सकता है, इसलिए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां हर पहलू से गहन जांच में जुटी हुई हैं।
जयपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर फर्जी दस्तावेजों के सहारे विदेश जाने की बड़ी कोशिश का खुलासा हुआ है। पुलिस ने फर्जी टूरिस्ट वीजा के जरिए इराक जाने की फिराक में लगे उत्तर प्रदेश और बिहार के तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। इस घटना के बाद एयरपोर्ट पर हड़कंप मच गया और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई हैं। जानकारी के मुताबिक 12 मई को एयरपोर्ट प्रशासन को यात्रियों के दस्तावेज और वीजा संदिग्ध लगे। जांच के दौरान वीजा फर्जी पाए गए, जिसके बाद तत्काल एयरपोर्ट थाना पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीनों युवकों को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान उत्तर प्रदेश निवासी सुरेश कुमार और बिहार निवासी आलोक कुमार व रुपेश यादव के रूप में हुई है। जयपुर ईस्ट की डीसीपी रंजीता शर्मा ने बताया कि एयरपोर्ट प्रशासन की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल पुलिस तीनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि उन्हें फर्जी वीजा किसने उपलब्ध कराए और इसके पीछे कौन सा नेटवर्क काम कर रहा है। जांच एजेंसियों को आशंका है कि इस पूरे मामले के पीछे किसी बड़े मानव तस्करी या फर्जी वीजा गिरोह का हाथ हो सकता है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आखिर यूपी और बिहार के रहने वाले इन युवकों ने इराक जाने के लिए जयपुर एयरपोर्ट को ही क्यों चुना। चूंकि मामला इराक जैसे संवेदनशील देश और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा हो सकता है, इसलिए पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां हर पहलू से गहन जांच में जुटी हुई हैं।
ब्रेकिंग न्यूज़, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट और ताज़ा वीडियो सबसे पहले पाएं
ब्रेकिंग न्यूज़, वायरल वीडियो और हर बड़ी अपडेट सीधे अपने मोबाइल पर
Link copied successfully!