32.7 C
Mathura
Saturday, July 13, 2024

वरीशा खान की बनाई मां लक्ष्मी की पेंटिंग

हमारे देश में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, भारत के युवा हर क्षेत्र में कामयाबी के झंडे गाड़ रहे हैं।हिंदुस्तान की सरजमी पर पैदा होने वाले ना जाने कितने ही लोग देश विदेश में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं। मुरादाबाद की बात करें तो यहां की रहने वाली वरीशा खान एक बेहतरीन रंगोली और मेहंदी आर्टिस्ट है। जो अपनी कला के बल पर निरंतर कामयाबी की ओर अग्रसर है। वरीशा मेहंदी लगाने के अलावा पोट्रेट भी बनाती हैं। वरीशा को मेहंदी लगाने, रंगोली और पोट्रेट बनाने में महारत हासिल है। वरीशा खुद मुसलमान है लेकिन वह देवी-देवताओं के पोर्ट्रेट बनाती हैं, और बताती हैं के यह उनकी कला है और जब वह हिंदू देवी देवताओं की पोर्ट्रेट बनाते हैं तो उन्हें सभी की ओर से मोटिवेशन मिलता है। उन्होंने बताया कि वह अपने इस हुनर को बहुत आगे तक ले जाना चाहती हैं, जिसके लिए वह कड़ी मेहनत करती हैं। उनकी इसी मेहनत का नतीजा है कि आज पश्चिमी उत्तर प्रदेश में उन जैसा कोई कलाकार नहीं है। अपनी रंगोली की खूबी का ज़िक्र करते हुए वरीशा बताती हैं कि उनकी रंगोली की खासियत है कि जब वह अपनी बनाई हुई रंगोली पर चलती है तो उनके पैरों के निशान नहीं आते और यही उनकी रंगोली की खासियत है। स्कूल टाइम से ही वरीशा को पोट्रेट बनाने का शौक रहा और इसी शोक को पूरा करते-करते आज वह एक बेहतरीन और कामयाब आर्टिस्ट बन चुकी है। वरीशा अल्लाह का शुक्र अदा करती हैं कि उनको अल्लाह ने यह हुनर दिया इसके अलावा वह अपने घर वालों का भी जिक्र करती हैं कि उनके पिता ने हमेशा उन्हें सहयोग दिया।

Latest Posts

संस्कृति विवि के विद्यार्थियों को कॉन्टिनुआ कंपनी ने दी नौकरी

संस्कृति विवि के विद्यार्थियों को कॉन्टिनुआ कंपनी ने दी नौकरी

बाढ़ पीड़ितों की मदद को आगे आए सपा नेता राजू

बाढ़ पीड़ितों की मदद को आगे आए सपा नेता राजू

कैंसर के खिलाफ लड़ाई में ऑन्कोलॉजी काफी मददगारः डॉ. सुरेंद्र सिंह

कैंसर के खिलाफ लड़ाई में ऑन्कोलॉजी काफी मददगारः डॉ. सुरेंद्र सिंह

महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय डीग मे आयोजित हुआ भामाशाह का सम्मान समारोह

महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय डीग मे आयोजित हुआ भामाशाह का सम्मान समारोह

मैं सेना की वजह से ज़िंदा हूँ : देबस्मिता राणा

मैं सेना की वजह से ज़िंदा हूँ : देबस्मिता राणा

Related Articles