मेजर ध्यानचंद मार्ग और आसपास की कॉलोनियों में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान को लेकर नगर निगम ने कवायद तेज कर दी है। मंगलवार को नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने वार्ड संख्या 33 और वार्ड संख्या 03 का व्यापक निरीक्षण किया। नगर आयुक्त ने बाइक से पूरे क्षेत्र का भ्रमण कर जल निकासी, नाला-नालियों और सफाई व्यवस्था की जमीनी स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान अपर नगर आयुक्त सुनीता सिंह, मुख्य अभियंता निर्माण संजय सिंह, महाप्रबंधक जलकल मोहम्मद अनवर ख्वाजा, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राम गोपाल सहित संबंधित अधिकारी और अवर अभियंता मौजूद रहे। वार्ड 33 के पार्षद अभिजीत कुमार और वार्ड 03 के पार्षद दिनेश कुमार भी निरीक्षण में शामिल रहे।
नगर आयुक्त ने गोपाल धाम, राधा धाम, बैकुंठ ग्रीन, लक्ष्मी वाटिका, हरी वाटिका, मोहिनी स्टेट, गोपाल धाम फेस-2, माया कॉलोनी, निधिवन, शिवपुरी, ब्रह्मपुरी, बलदेव देव गार्डन, समोला, टीला, नर्सिंग विहार फेस-2 व फेस-3 और आरके पुरम समेत विभिन्न कॉलोनियों का निरीक्षण किया
अधिकारियों के अनुसार वार्ड संख्या 33 की करीब 18 और वार्ड संख्या 03 की पांच कॉलोनियों का पानी मेजर ध्यानचंद मार्ग की ओर एकत्रित होता है। क्षेत्र लो-लाइन में होने के कारण बारिश के दौरान यहां जलभराव की समस्या उत्पन्न होती है।
नगर आयुक्त ने बताया कि जलभराव के स्थायी समाधान के लिए मेजर ध्यानचंद मार्ग पर नाला निर्माण का करीब 5 करोड़ रुपये का एस्टीमेट राज्य सेक्टर योजना के तहत शासन को भेजा गया है। इसकी स्वीकृति के लिए कार्रवाई जारी है।
इसके अलावा लो-लाइन क्षेत्र से पानी की निकासी को प्रभावी बनाने के लिए करीब 2.7 करोड़ रुपये की लागत से सम्पवेल बनाने का एस्टीमेट भी तैयार किया जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक स्वीकृति के बाद इन कार्यों से क्षेत्र में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान में मदद मिलेगी।
दो दिन में पुलियों की सफाई के निर्देश
निरीक्षण के दौरान नर्सिंग विहार क्षेत्र में नगर निगम की भूमि की जानकारी सामने आने पर नगर आयुक्त ने अपर नगर आयुक्त को भूमि का सर्वे कराकर उसे सुरक्षित कराने के निर्देश दिए।
वहीं ओम नगर क्षेत्र में पुलियों की सफाई व्यवस्था संतोषजनक नहीं मिलने और पुलिया चोक पाए जाने पर नगर स्वास्थ्य अधिकारी को चेतावनी जारी की गई। नगर आयुक्त ने दो दिन के भीतर पुलियों की सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जलकल और सफाई विभाग को आपसी समन्वय से ओम नगर सहित पूरे क्षेत्र में पुलिया और नाला-नालियों की प्रभावी सफाई कराकर दो दिन में जल निकासी व्यवस्था सुचारु करने को कहा गया। साथ ही सीएनडीएस को पूरे क्षेत्र का व्यापक सर्वे कर पांच दिन के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जहां भी जरूरत हो, नाला-नालियों की सफाई, सड़कों की साफ-सफाई, जल निकासी व्यवस्था में सुधार और अतिक्रमण वाले स्थानों को चिह्नित कर आवश्यक कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि जलभराव की समस्या के तत्काल समाधान के साथ-साथ दीर्घकालिक और स्थायी समाधान के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से समयबद्ध कार्रवाई करें, जिससे आने वाले समय में क्षेत्रवासियों को जलभराव की समस्या से राहत मिल सके।