मथुरा में सड़क दुर्घटना में घायल युवक को समय पर इलाज नहीं मिलने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। समाजसेवियों ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर दो निजी अस्पतालों पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है और उनके पंजीकरण निरस्त करने की मांग की है।
जयसिंहपुरा निवासी चंद्रशेखर के अनुसार 27 अगस्त की रात गायत्री तपोभूमि के पास ऑटो की टक्कर से विशाल नामक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन और स्थानीय लोग उसे तत्काल इलाज के लिए उत्कर्ष हॉस्पिटल लेकर पहुंचे।
आरोप है कि उत्कर्ष हॉस्पिटल के स्टाफ ने घायल को भर्ती करने से इनकार कर दिया और अस्पताल का गेट बंद कर दिया। इसके बाद युवक को दरेसी हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां ऑक्सीजन उपलब्ध न होने की बात कहकर प्राथमिक उपचार तक नहीं दिया गया।
घायल युवक को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस मामले को लेकर समाजसेवियों ने सीएमओ को ज्ञापन सौंपते हुए सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों का हवाला दिया और दोनों अस्पतालों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के साथ उनकी मान्यता रद्द करने की मांग की है।