मथुरा की छाता तहसील के लाड़पुर गांव से विकास के दावों की पोल खोलती तस्वीरें सामने आई हैं। गांव की सड़कें गहरे गड्ढों में तब्दील हो चुकी हैं, जिससे ग्रामीणों, स्कूली बच्चों और दोपहिया वाहन चालकों को रोज़ जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है।
लाड़पुर गांव की मुख्य सड़क लंबे समय से बदहाल पड़ी है। जगह-जगह बने गहरे गड्ढों में बारिश का पानी भर जाने से राहगीरों के लिए खतरा और बढ़ गया है। ग्रामीणों का कहना है कि आए दिन लोग फिसलकर चोटिल हो रहे हैं, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया।
ग्रामीणों के मुताबिक सड़क निर्माण और मरम्मत को लेकर कई बार शासन-प्रशासन से शिकायत की गई, लेकिन शिकायतों के बावजूद हालात जस के तस बने हुए हैं। लोगों का आरोप है कि विकास के बड़े-बड़े दावे केवल कागज़ों तक सीमित हैं, जबकि ज़मीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है।
हैरानी की बात यह है कि गांव में प्रसिद्ध सती माता मंदिर स्थित है, जहां हर वर्ष विशाल मेले में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और हजारों श्रद्धालु पहुंचते हैं। इसके बावजूद मंदिर तक जाने वाले रास्तों की बदहाली पर किसी का ध्यान नहीं गया।
अब ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन जल्द संज्ञान लेकर सड़क की मरम्मत कराए, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले लोगों को राहत मिल सके.