मथुरा में इनर व्हील क्लब के नवीन सत्र के पदाधिकारियों का अधिष्ठापन समारोह और तीज उत्सव हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया गया। समारोह में नई अध्यक्ष और सचिव ने विधिवत पदभार ग्रहण किया तथा नई कार्यकारिणी का परिचय कराया गया। इस अवसर पर क्लब ने समाजसेवा की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए पांच जरूरतमंद बालिकाओं की शिक्षा का दायित्व लेने की घोषणा की, जबकि एक मूकबधिर छात्रा की स्नातक शिक्षा की जिम्मेदारी भी क्लब की वरिष्ठ सदस्य ने ली।
इनर व्हील क्लब के नवीन सत्र के पदाधिकारियों का अधिष्ठापन समारोह एवं तीज उत्सव मथुरा में उत्साहपूर्वक सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य संचालिका डॉ. मधुबाला गर्ग के स्वागत उद्बोधन से हुई।
समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में इनर व्हील डिस्ट्रिक्ट 311 की वाइस चेयरपर्सन ज्योति मित्तल मौजूद रहीं। वहीं डिस्ट्रिक्ट ट्रेज़रर मंजू पारीक और पूर्व डिस्ट्रिक्ट चेयरपर्सन लता गोयल विशिष्ट अतिथि रहीं।
दीप प्रज्ज्वलन, इनर व्हील प्रार्थना और श्री गणेश वंदना के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। निवर्तमान अध्यक्ष ने अपने कार्यकाल की उपलब्धियों का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए नए नेतृत्व को शुभकामनाएं दीं।
अधिष्ठापन समारोह में नवीन अध्यक्ष और सचिव ने विधिवत पदभार ग्रहण किया। इसके बाद नई कार्यकारिणी का परिचय कराया गया। क्लब से जुड़े नए सदस्यों को भी शपथ दिलाई गई।
समारोह के दौरान समाजसेवा की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए खजानी लर्निंग अकादमी की पांच जरूरतमंद बालिकाओं की शिक्षा का दायित्व लेने की घोषणा की गई। इस कार्य में लता गोयल, मीनाक्षी अग्रवाल, सुधा खंडेलवाल, अध्यक्ष रेखा माहेश्वरी और अरुणा बंसल ने सहयोग दिया।
इसके साथ ही एक मूकबधिर छात्रा की स्नातक तक की शिक्षा का दायित्व क्लब की वरिष्ठ सदस्य माया गर्ग ने लिया।
मुख्य अतिथि ज्योति मित्तल ने कहा कि इनर व्हील सेवा, संस्कार और समर्पण का सशक्त माध्यम है। महिला सशक्तिकरण, शिक्षा और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में संस्था महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
समारोह के दूसरे चरण में तीज उत्सव की धूम देखने को मिली। मल्हार गायन, पारंपरिक खेल, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और विभिन्न मनोरंजक गतिविधियों में सदस्यों ने उत्साह के साथ भाग लिया।
अंत में अतिथियों को स्मृति चिह्न और प्रतिभागियों को पुरस्कार प्रदान किए गए। राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। पूरा आयोजन सेवा, सौहार्द, महिला नेतृत्व और भारतीय संस्कृति का सुंदर संगम बना।