अयोध्या। राम मंदिर के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने पुलिस की रोक-टोक के बीच रामलला और हनुमानगढ़ी में दर्शन-पूजन किया। इससे पहले प्रशासन ने उनकी प्रस्तावित पदयात्रा की अनुमति नहीं दी थी और कई कांग्रेस नेताओं को हिरासत में लिया गया था। बाद में देर शाम सीमित संख्या में कार्यकर्ताओं के साथ उन्हें अयोध्या जाने की अनुमति दी गई।
दर्शन-पूजन के बाद अजय राय ने राम मंदिर ट्रस्ट पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि दान में कथित गड़बड़ी की जांच निष्पक्ष तरीके से नहीं हो रही है। उनका कहना था कि कार्रवाई केवल निचले स्तर के कर्मचारियों तक सीमित है, जबकि बड़े जिम्मेदार लोगों को बचाया जा रहा है।
उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच, संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों से पूछताछ और राम मंदिर ट्रस्ट के पुनर्गठन की मांग की। अजय राय ने कहा कि उनकी प्राथमिकता भगवान राम के दर्शन करना था और उन्होंने अपनी यह इच्छा पूरी कर ली।
अजय राय द्वारा लगाए गए आरोप उनके सार्वजनिक बयान पर आधारित हैं। इन आरोपों पर संबंधित पक्ष की आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाना चाहिए।