महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार के “मिशन शक्ति फेज-5.0” के द्वितीय चरण के तहत मथुरा पुलिस का जागरूकता अभियान जारी है। इसी क्रम में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मथुरा के निर्देशन में थाना बलदेव की मिशन शक्ति पुलिस टीम ने क्षेत्र में महिलाओं एवं बालिकाओं को महिला सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी देकर जागरूक किया।
अभियान के दौरान पुलिस टीम ने महिलाओं को आत्मरक्षा, गुड टच-बैड टच, उनके अधिकारों तथा महिला संबंधी अपराधों से बचाव के बारे में जानकारी दी। पुलिस ने महिलाओं एवं बालिकाओं को बताया कि बस, रास्ते या सार्वजनिक स्थान पर मनचलों एवं शोहदों द्वारा छेड़खानी की घटना होने पर डरने अथवा चुप रहने की जरूरत नहीं है। ऐसी स्थिति में तत्काल पुलिस की मदद लें और 1090 हेल्पलाइन पर शिकायत करें।
पुलिस टीम ने नजदीकी थाने पहुंचकर एफआईआर दर्ज कराने के अधिकार के बारे में भी जागरूक किया। महिलाओं को समझाया गया कि किसी भी अपराध की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने में संकोच न करें।
सोशल मीडिया इस्तेमाल में बरतें सावधानी
मिशन शक्ति टीम ने महिलाओं एवं बालिकाओं को व्हाट्सऐप, फेसबुक, इंस्टाग्राम, ट्विटर सहित अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का सावधानीपूर्वक इस्तेमाल करने की सलाह दी। पुलिस ने निजी जानकारी, फोटो एवं जरूरी दस्तावेज अनजान लोगों के साथ साझा न करने तथा संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधियों से सतर्क रहने के लिए कहा।
इसके साथ ही महिलाओं एवं बालिकाओं को यातायात नियमों की जानकारी दी गई। पुलिस ने स्वयं यातायात नियमों का पालन करने तथा परिवार एवं आसपास के लोगों को भी यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने की अपील की।
महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की दी जानकारी
जागरूकता अभियान के दौरान पुलिस टीम ने महिला सुरक्षा एवं आपात स्थिति में उपयोगी विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। महिलाओं को 1076 मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, 1090 वीमेन पावर लाइन, 181 महिला हेल्पलाइन, 112 पुलिस आपातकालीन सेवा, 102 एवं 108 एंबुलेंस सेवा, 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन, 101 अग्निशमन सेवा और 1930 साइबर हेल्पलाइन के बारे में विस्तार से बताया गया।
पुलिस ने महिलाओं और बालिकाओं से अपील की कि किसी भी प्रकार की छेड़खानी, उत्पीड़न, महिला अपराध, साइबर अपराध या आपात स्थिति में घबराएं नहीं और तत्काल संबंधित हेल्पलाइन अथवा पुलिस से संपर्क करें।
मिशन शक्ति अभियान के माध्यम से पुलिस महिलाओं एवं बालिकाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने, आत्मविश्वास बढ़ाने और किसी भी अपराध की स्थिति में तत्काल सहायता लेने के लिए प्रेरित कर रही है।