राजकीय महाविद्यालय मांट, मथुरा में 11 अगस्त 2026 को ‘नशामुक्त युवा विकसित भारत’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय की पहल के तहत राष्ट्रीय सेवा योजना क्षेत्रीय कार्यालय, लखनऊ के माध्यम से आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और उन्हें स्वयं नशे से दूर रहने के साथ-साथ अपने साथियों एवं समाज के अन्य लोगों को भी नशे से बचाने के लिए प्रेरित करना रहा।
कार्यक्रम में यूथ आइकॉन आदित्य शर्मा, नशा मुक्ति योद्धा जेपी सिंह और महावीर सिंह तथा जिला नेहरू युवा केंद्र से ‘माय भारत’ से जुड़े अमित सिंह ने विद्यार्थियों को जागरूक किया।
यूथ आइकॉन आदित्य शर्मा ने युवाओं से आह्वान किया कि ‘न हम नशा करेंगे और न किसी को नशे की ओर बढ़ने देंगे।’ उन्होंने कहा कि यदि कोई युवा पहले से नशे की गिरफ्त में है, तो उसे अकेला छोड़ने के बजाय उसका हाथ पकड़कर इस दलदल से बाहर निकालने का प्रयास करना चाहिए।
उन्होंने युवाओं से नशामुक्ति का संदेश सोशल मीडिया के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने की भी अपील की।
नशा मुक्ति योद्धा जेपी सिंह और महावीर सिंह ने विद्यार्थियों को समाज में फैल रहे विभिन्न प्रकार के नशे के दुष्परिणामों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने उदाहरणों के माध्यम से समझाया कि नशे की आदत किस तरह व्यक्ति के स्वास्थ्य, शिक्षा, परिवार और भविष्य को प्रभावित कर सकती है।
उन्होंने युवाओं से नशे से पूरी तरह दूरी बनाए रखने और अपने आसपास के लोगों को भी इसके खिलाफ जागरूक करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान वंदे मातरम गीत की प्रस्तुति दी गई। वहीं छात्राओं ने नशामुक्ति पर आधारित जागरूकता नाटक प्रस्तुत किया, जिसे उपस्थित लोगों ने खूब सराहा।
नाटक के माध्यम से विद्यार्थियों ने नशे के कारण परिवार और समाज पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों को प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया।
‘माय भारत’ से जुड़े अमित सिंह ने विद्यार्थियों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने स्वयं नशे से दूर रहने और दूसरों को भी नशे से बचाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान निबंध, काव्य और क्विज प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र और मेडल देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के कोऑर्डिनेटर डॉ. दीन दयाल, कार्यक्रम अधिकारी डॉ. आत्म देव पाठक और डॉ. अंजू अग्रवाल के द्वारा किया गया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रोफेसर डॉ. जय किरन, डॉ. शिल्पी शाक्य, डॉ. रेनू, डॉ. चंद्रशेखर, डॉ. प्रिया मित्तल, डॉ. मुक्त चतुर्वेदी, डॉ. राहुल कुमार और डॉ. गौरव कुमार का विशेष सहयोग रहा।
कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को संदेश दिया गया कि युवा शक्ति को नशे से मुक्त रखकर ही स्वस्थ, सशक्त और विकसित भारत का निर्माण किया जा सकता है।