मथुरा में शुक्रवार को हुई महज 20 मिनट की तेज बारिश ने नगर निगम की तैयारियों की पोल खोल दी। शहर के कई प्रमुख इलाकों में भारी जलभराव हो गया। सबसे खराब हालात महोली रोड स्थित न्यू बस स्टैंड और बीएसए कॉलेज के सामने देखने को मिले, जहां 8 से 10 फीट तक पानी भर गया। सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं, वाहन बीच रास्ते में फंस गए और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
आप तस्वीरों में साफ देख सकते हैं कि न्यू बस स्टैंड परिसर पूरी तरह जलमग्न हो गया। एक कार पानी में आधी डूब गई, जबकि कई लोग कमर तक भरे पानी के बीच निकलने को मजबूर दिखे। कुछ लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए स्थानीय नागरिकों ने हाथ पकड़कर मदद की।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि बस स्टैंड पर निर्माण कार्य चलने के बावजूद जल निकासी की समुचित व्यवस्था क्यों नहीं की गई। थोड़ी सी बारिश में ही पूरा क्षेत्र जलभराव की चपेट में आ गया और आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया।
बीएसए कॉलेज रोड और भूतेश्वर रेलवे पुल के नीचे भी भारी जलभराव देखने को मिला। यहां कई वाहन पानी में फंस गए और लोगों को लंबा इंतजार करना पड़ा। महिलाओं और बच्चों को सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ी।
बरसात अभी शुरुआती दौर में है, लेकिन 20 मिनट की बारिश ने ही शहर की जल निकासी व्यवस्था की हकीकत सामने ला दी। यदि समय रहते स्थायी समाधान नहीं किया गया तो आगामी मानसून में मथुरावासियों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। अब देखना होगा कि नगर निगम और संबंधित विभाग इस गंभीर समस्या का समाधान कब तक कर पाते हैं।