उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लागू की जा रही फ्रंट ऑफिस प्रणाली के विरोध में मंगलवार को तहसील सदर परिसर में अधिवक्ताओं, दस्तावेज लेखकों, स्टांप वेंडरों और टाइपिस्टों ने संयुक्त रूप से अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि नई व्यवस्था लागू होने से वर्षों से रजिस्ट्री और दस्तावेजी कार्यों से जुड़े हजारों लोगों के सामने रोजगार का गंभीर संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने सरकार से इस निर्णय को तत्काल वापस लेने की मांग करते हुए इसे जनहित और रोजगार विरोधी बताया।
धरने के कारण रजिस्ट्री कार्यालय का कामकाज पूरी तरह ठप रहा, जिससे भूमि और संपत्ति संबंधी कार्यों के लिए पहुंचे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा और कई लोग बिना काम कराए वापस लौट गए। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। धरने को स्थानीय जनप्रतिनिधियों और विभिन्न संगठनों का भी समर्थन मिल रहा है।