वृंदावन। ठाकुर बांके बिहारी जी मंदिर हाई पावर्ड मैनेजमेंट कमेटी की 16वीं बैठक कमेटी अध्यक्ष अशोक कुमार की अध्यक्षता में लक्ष्मण शहीद स्मारक भवन के सभागार में आयोजित की गई। बैठक में मंदिर की सुरक्षा, सुंदरीकरण, संपत्ति प्रबंधन, सेवा-पूजा व्यवस्था तथा श्रद्धालुओं की सुविधाओं को लेकर विस्तार से चर्चा की गई और कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
बैठक में ठाकुर जी के स्वर्ण एवं रजत झूलों, सिंहासन तथा सीढ़ियों की विशेष कारीगरों द्वारा की जा रही मरम्मत कार्य की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। साथ ही मंदिर की अलमारियों और तिजोरियों में सुरक्षित रखी गई पीली एवं सफेद धातुओं का मूल्यांकन कर उन्हें अधिक सुरक्षित एवं बड़े लॉकर में स्थानांतरित करने पर सहमति जताई गई।
मंदिर परिसर की साफ-सफाई व्यवस्था के लिए प्राप्त निविदाओं तथा श्री निधिवनराज की एक वर्षीय सेवा-पूजा अवधि के लिए प्राप्त निविदाओं पर विचार-विमर्श कर अंतिम निर्णय लिया गया। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) आगरा द्वारा मंदिर परिसर का किए गए स्ट्रक्चरल सर्वे में दिए गए सुझावों पर भी चर्चा हुई और आवश्यक सुधार कार्यों को आगे बढ़ाने की रणनीति बनाई गई।
बैठक में राजस्थान के कोटा जिले में मंदिर के नाम दर्ज 15.710 हेक्टेयर भूमि से जुड़े मामले की समीक्षा की गई, जो वर्तमान में राजस्व मंडल अजमेर में विचाराधीन है। इसके अलावा मंदिर परिसर में पांच वर्ष से अधिक समय से तैनात पुलिसकर्मियों, उपनिरीक्षकों एवं निरीक्षकों को अन्यत्र स्थानांतरित करने के निर्देशों के अनुपालन की रिपोर्ट भी प्रस्तुत की गई।
वृंदावन की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए एआरटीओ मथुरा और आरटीओ आगरा द्वारा की जा रही कार्रवाई की प्रगति की समीक्षा की गई। वहीं मंदिर के आसपास की गलियों से अतिक्रमण हटाने के लिए नगर मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में गठित चार टीमों की कार्रवाई रिपोर्ट पर भी विस्तृत चर्चा हुई।
कमेटी ने स्पष्ट किया कि इन सभी निर्णयों का उद्देश्य ठाकुर बांके बिहारी जी की सेवा-पूजा को निर्बाध बनाए रखना, श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना तथा मंदिर की सुरक्षा, पारदर्शिता और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को और अधिक मजबूत बनाना है।