देशभर में भीषण गर्मी के बीच राहत भरी खबर सामने आई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने संकेत दिए हैं कि दक्षिण-पश्चिम मानसून 4 जून के आसपास केरल में प्रवेश कर सकता है, जिसके साथ ही कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, अरब सागर और आसपास के क्षेत्रों में बन रही अनुकूल मौसमी परिस्थितियों के चलते मानसून के आगे बढ़ने की रफ्तार तेज हुई है। इसी को देखते हुए केरल के कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
IMD के मुताबिक, आगामी दिनों में तेज बारिश, गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। भारी वर्षा के कारण निचले इलाकों में जलभराव, यातायात प्रभावित होने और भूस्खलन जैसी घटनाओं का खतरा भी बढ़ सकता है। प्रशासन ने स्थानीय लोगों, मछुआरों और पर्यटकों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है।
हालांकि मानसून की शुरुआत राहत लेकर आ रही है, लेकिन मौसम विशेषज्ञों ने इस साल एल नीनो (El Niño) के प्रभाव को लेकर चिंता भी जताई है। रिपोर्टों के अनुसार, 2026 में देश में सामान्य से कम बारिश होने की आशंका व्यक्त की गई है, जिसका असर कृषि, जल भंडारण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है। फिलहाल सभी की निगाहें केरल में मानसून के आधिकारिक आगमन पर टिकी हैं, क्योंकि यहीं से पूरे देश में मानसून सीजन की औपचारिक शुरुआत मानी जाती है।