मथुरा के चर्चित दुष्कर्म और हत्या मामले में अदालत ने साढ़े पांच साल बाद बड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी सुखवीर सिंह को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी पर 90 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
यह सनसनीखेज वारदात 2 दिसंबर 2020 को हुई थी। रिफाइनरी क्षेत्र के नगला पॉपी निवासी सुखवीर सिंह ने सदर बाजार स्थित गोकुल बैराज के गोपी कृष्ण गेस्ट हाउस में अपनी प्रेमिका को बुलाया था। आरोप है कि आरोपी ने कमरे में तमंचे के बल पर युवती के साथ दुष्कर्म किया और फिर गोली मारकर उसकी हत्या कर दी।
घटना के बाद गेस्ट हाउस मैनेजर की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को वारदात के तुरंत बाद रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया था। मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में हुई, जहां कुल 11 गवाहों के बयान दर्ज किए गए।
सरकारी अधिवक्ता सुभाष चतुर्वेदी ने बताया कि अपर सत्र न्यायाधीश विजय कुमार ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई।
जांच में यह भी सामने आया था कि आरोपी युवती की कहीं और शादी तय होने से नाराज था। वह पिछले छह वर्षों से युवती से प्रेम संबंध होने का दावा कर रहा था और इसी रंजिश में उसने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया।
अदालत के इस फैसले के बाद पीड़िता के परिवार ने राहत महसूस की है। वहीं इस सख्त फैसले को समाज में एक बड़ा संदेश माना जा रहा है कि गंभीर अपराध करने वाले कानून से बच नहीं सकते।